एरिया 51: इस सीक्रेट जगह पर होती है एलियंस पर रिसर्च!

एरिया 51 ऐसी जगह है, जिसके बारे में पूरी दुनिया को कुछ मालूम ही नहीं। इसके बारे में तो अमेरिकी सरकार ने भी अभी कुछ ही साल पहले कहा है कि वो जगह दुनिया में मौजूद है। पर…
एरिया 51 ऐसी जगह है, जिसके बारे में पूरी दुनिया को कुछ मालूम ही नहीं। इसके बारे में तो अमेरिकी सरकार ने भी अभी कुछ ही साल पहले कहा है कि वो जगह दुनिया में मौजूद है। पर इसके आगे अमेरिकी सरकार ने कुछ भी नहीं कहा। आगे की स्लाइड्स में जानें, क्या है एरिया 51 का रहस्य। क्यों एलियंस से जोड़कर इस जगह को देखा जाता है…
3/ 13 ‘एरिया 51’ एक सैन्य मिलिटरी इलाका है जो अमेरिकी शहर लास वेगास से 80 मील उत्तर-पश्चिम में स्थित है। यह इलाका अक्सर चर्चा का केंद्र बना रहता है क्योंकि ऐसा माना जाता है कि यहां दूसरे ग्रहों से आए एलियनों के ऊपर शोध कार्य किया जाता है। कई लोगों ने तो यहां तक दावा किया है कि उन्होंने कई बार अनआडेंटिफाइड फ्लाइंग ऑब्जेक्ट (यूएफओ) को वहां उड़ते देखा है।
‘एरिया 51’ एक सैन्य मिलिटरी इलाका है जो अमेरिकी शहर लास वेगास से 80 मील उत्तर-पश्चिम में स्थित है। यह इलाका अक्सर चर्चा का केंद्र बना रहता है क्योंकि ऐसा माना जाता है कि यहां दूसरे ग्रहों से आए एलियनों के ऊपर शोध कार्य किया जाता है। कई लोगों ने तो यहां तक दावा किया है कि उन्होंने कई बार अनआडेंटिफाइड फ्लाइंग ऑब्जेक्ट (यूएफओ) को वहां उड़ते देखा है।
4/ 13 सन 1947 में किए गए एक दावे के मुताबिक इस जगह पर एक यूएफओ दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। जिसमें से एक एलियन का शव भी बरामद हुआ था। ये एलियन 4 फुट का था और अनगढ़ मानव जैसा दिखता था। कहा जाता है कि एरिया 51 के किसी हिस्से में अब भी उस पर शोध चल रहा है।
सन 1947 में किए गए एक दावे के मुताबिक इस जगह पर एक यूएफओ दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। जिसमें से एक एलियन का शव भी बरामद हुआ था। ये एलियन 4 फुट का था और अनगढ़ मानव जैसा दिखता था। कहा जाता है कि एरिया 51 के किसी हिस्से में अब भी उस पर शोध चल रहा है।
5/ 13 इस जगह के बारे में इतनी गोपनीयता बरती गई है कि अमेरिकी सरकार के किसी नक्शे तक में इसकी कोई जानकारी नहीं है। और काफी साल पहले जब एक नक्शे में इसे दिखाया गया था, तो तुरंत उस नक्शे को बदलकर दूसरा नक्शा लाया गया। क्योंकि अमेरिकी सरकार कभी नहीं चाहती कि एरिया 51 के बारे में किसी को पता चले।
इस जगह के बारे में इतनी गोपनीयता बरती गई है कि अमेरिकी सरकार के किसी नक्शे तक में इसकी कोई जानकारी नहीं है। और काफी साल पहले जब एक नक्शे में इसे दिखाया गया था, तो तुरंत उस नक्शे को बदलकर दूसरा नक्शा लाया गया। क्योंकि अमेरिकी सरकार कभी नहीं चाहती कि एरिया 51 के बारे में किसी को पता चले।
6/ 13 कुछ लोगों का दावा है कि नासा के वैज्ञानिक भी यहां काम करते हैं। वो लगातार एलियंस से संपर्क साधने की कोशिश कर रहे हैं। उनके विमानों पर शोध कर रहे हैं। और एलियंस का दिमाग पढ़ने की कोशिश कर रहे हैं।
कुछ लोगों का दावा है कि नासा के वैज्ञानिक भी यहां काम करते हैं। वो लगातार एलियंस से संपर्क साधने की कोशिश कर रहे हैं। उनके विमानों पर शोध कर रहे हैं। और एलियंस का दिमाग पढ़ने की कोशिश कर रहे हैं।
7/ 13 एरिया 51 एक ऐसा स्थान है जो जहां आम आदमियों के जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंधित है। इस इलाके के चारों ओर बाड़ लगाया गया है जिससे कि कोई जानवर और इंसान गलती से या धोखे से अंदर नहीं घुस सके। बाड़ों के चारों अत्याधुनिक हथियारों से लैस सुरक्षाकर्मी घूमते रहते हैं।
एरिया 51 एक ऐसा स्थान है जो जहां आम आदमियों के जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंधित है। इस इलाके के चारों ओर बाड़ लगाया गया है जिससे कि कोई जानवर और इंसान गलती से या धोखे से अंदर नहीं घुस सके। बाड़ों के चारों अत्याधुनिक हथियारों से लैस सुरक्षाकर्मी घूमते रहते हैं।
8/ 13 इस जगह पर ग्रूम नाम की एक झील है। जिसके बारे में गूगल मैप तक पर भी जानकारी नहीं है। इस झील से सटा हुए एक रन वे बना हुआ है। यही नहीं, यहां कुल 7 रन-वे हैं। जिनसे खुफिया विमान उड़ान भरते रहते हैं।
इस जगह पर ग्रूम नाम की एक झील है। जिसके बारे में गूगल मैप तक पर भी जानकारी नहीं है। इस झील से सटा हुए एक रन वे बना हुआ है। यही नहीं, यहां कुल 7 रन-वे हैं। जिनसे खुफिया विमान उड़ान भरते रहते हैं।
9/ 13 खबरों के मुताबिक 1950 के शुरुआती दौर में कुछ उड़तस्तरियों को अमेरिकी आसमान में उड़ते पाया गया था जिसके बाद इसके लिए एक अलग खुफिया प्रोजेक्ट शुरू किया गया। इस नए प्रोजेक्ट को ‘प्रोजेक्ट ब्लू बुक’ और कई अन्य नामों से जाना जाता है जिसे सीआईए के निर्देशों के बाद शुरू किया गया था। यह इतना खुफिया प्रोजेक्ट था कि इसकी जानकारी बेहद की खास लोगों और इससे जुड़े अधिकारियों को ही थी।
खबरों के मुताबिक 1950 के शुरुआती दौर में कुछ उड़तस्तरियों को अमेरिकी आसमान में उड़ते पाया गया था जिसके बाद इसके लिए एक अलग खुफिया प्रोजेक्ट शुरू किया गया। इस नए प्रोजेक्ट को ‘प्रोजेक्ट ब्लू बुक’ और कई अन्य नामों से जाना जाता है जिसे सीआईए के निर्देशों के बाद शुरू किया गया था। यह इतना खुफिया प्रोजेक्ट था कि इसकी जानकारी बेहद की खास लोगों और इससे जुड़े अधिकारियों को ही थी।
10/ 13 जब एरिया 51 को परीक्षण क्षेत्र के तौर पर चुना गया तो एक 8,500 फीट लंबे रनवे के निर्माण की जरूरत हुई। इस निर्माण की ओर किसी ध्यान न जाए इसलिए इसका निर्माण कार्य केवल रात में किया जाता था। कुछ खबरों के मुताबिक यहां एलियनों इंजिनियरिंग पर शोध किया जाता है। कुछ तथ्यों के मुताबिक तो एरिया 51 में कई एलियनों को कैद करके रखा गया जिन पर शोध किया जाता है।
जब एरिया 51 को परीक्षण क्षेत्र के तौर पर चुना गया तो एक 8,500 फीट लंबे रनवे के निर्माण की जरूरत हुई। इस निर्माण की ओर किसी ध्यान न जाए इसलिए इसका निर्माण कार्य केवल रात में किया जाता था। कुछ खबरों के मुताबिक यहां एलियनों इंजिनियरिंग पर शोध किया जाता है। कुछ तथ्यों के मुताबिक तो एरिया 51 में कई एलियनों को कैद करके रखा गया जिन पर शोध किया जाता है।
11/ 13 माना जाता है कि इस जगह पर परमाणु बमों के धमाके भी किए गए हैं, जो परीक्षण स्वरूप थे। इस चक्कर में आम लोगों को यहां से विस्थापित कर दिया गया। यहां कुछ लोग अब भी रहते हैं, पर वो इस एरिया 51 के कर्मचारी हैं या उनके परिजन, या कोई और। उनके बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है।
माना जाता है कि इस जगह पर परमाणु बमों के धमाके भी किए गए हैं, जो परीक्षण स्वरूप थे। इस चक्कर में आम लोगों को यहां से विस्थापित कर दिया गया। यहां कुछ लोग अब भी रहते हैं, पर वो इस एरिया 51 के कर्मचारी हैं या उनके परिजन, या कोई और। उनके बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है।
12/ 13 अमेरिका में हुए एक शोध के मुताबिक करीब 57 फीसदी लोग एलियन और उड़नतस्तरियों के वजूद को सच मानते हैं। हालांकि, इनको देखें जाने के 100 फीसदी दावों में से 90 फीसदी या तो खारिज कर दिया जाता है या फिर दबा दिया जाता है। लेकिन 10 फीसदी ऐसे भी दावे भी हैं जिसके सबूत भी मौजूद हैं।
अमेरिका में हुए एक शोध के मुताबिक करीब 57 फीसदी लोग एलियन और उड़नतस्तरियों के वजूद को सच मानते हैं। हालांकि, इनको देखें जाने के 100 फीसदी दावों में से 90 फीसदी या तो खारिज कर दिया जाता है या फिर दबा दिया जाता है। लेकिन 10 फीसदी ऐसे भी दावे भी हैं जिसके सबूत भी मौजूद हैं।
13/ 13 इस इलाके के ऊपर से किसी विमान को उड़ने की इजाजत नहीं है। अगर कोई ऐसा करता भी है तो एयर ट्रैफिक कंट्रोल उसे तुरंत चेतावनी जा कर तुरंत अपना रास्ता बदलने का कहता है। अगर ऐसा नहीं होता तो फिर अमेरिकी वायुसेना उस पर कार्रवाई करती है।
इस इलाके के ऊपर से किसी विमान को उड़ने की इजाजत नहीं है। अगर कोई ऐसा करता भी है तो एयर ट्रैफिक कंट्रोल उसे तुरंत चेतावनी जा कर तुरंत अपना रास्ता बदलने का कहता है। अगर ऐसा नहीं होता तो फिर अमेरिकी वायुसेना उस पर कार्रवाई करती है।



